
आत्मकथात्मक कहानियाँ
2.29k पढ़ा गया | 4.7 out of 5 (6 रेटिंग्स)
Literature & Fiction
जिन वर्षों उदय प्रकाश दरियाई घोड़ा, छप्पन तोले का करधन, नेलकटर, तिरिछ और रामसजीवन की आत्मकथा सरीखी कहानियाँ लिख रहे थे, यह लक्ष्य करना मुश्किल था कि दरअसल वह इन कहानियों के ज़रिए अपने कुनबे की कथा भी लिख रहे हैं। इन कथाओं ने उदय प्रकाश को गढ़ा है और इनसे गुज़रकर ना सिर्फ उनके लेखन के बारे में एक भिन्न नज़रिए से सोचा जा सकता है, बल्कि गाढ़े सम्बंध स्वार्थ की छन्नी से कितने बच रहते हैं, उसकी कसक का भी अहसास होता है।
हिन्दी के यशस्वी कथाकार उदय प्रकाश की आत्मकथात्मक कहानियों में पिता पर केंद्रित उनकी कहानी 'दरियाई घोड़ा' है, जहां पिता-पुत्र के रिश्ते के बीच रिसती करुणा पाठकों के बीच कथा पढ़ने के बाद भी बनी रहती है। 'नेलकटर' कहानी मां के न होने की पीड़ा और उनकी स्मृतियों को संजोती है।
"Amita"so touching
बहुत ही मार्मिक कथा ❤️
fine story by one of the best writer in Hindi 🙏🙏👍👍
भाव विभोर कर देने वाली कहानी।
एपिसोड 1
01-01-2022
01-01-2022
4 Mins
802 पढ़ा गया
0 कमेंट
एपिसोड 2
01-01-2022
01-01-2022
3 Mins
327 पढ़ा गया
0 कमेंट
एपिसोड 3
01-01-2022
01-01-2022
3 Mins
243 पढ़ा गया
0 कमेंट
एपिसोड 4
01-01-2022
01-01-2022
4 Mins
210 पढ़ा गया
0 कमेंट
एपिसोड 5
01-01-2022
01-01-2022
4 Mins
212 पढ़ा गया
0 कमेंट
एपिसोड 6
01-01-2022
01-01-2022
8 Mins
265 पढ़ा गया
6 कमेंट
एपिसोड 7
09-03-2022
09-03-2022
4 Mins
232 पढ़ा गया
4 कमेंट









